155 आईएएस अफसरों की संपत्ति सार्वजनिक, मुख्य सचिव के पास करोड़ों के फ्लैट; कई अफसरों की संपत्ति ‘शून्य’

ख़बर शेयर करें

Jharkhand IAS assets

रांची: झारखंड कैडर के 155 IAS अधिकारियों ने अपनी चल और अचल संपत्तियों का वार्षिक ब्यौरा सार्वजनिक कर दिया है. केंद्र सरकार के निर्देश पर यह जानकारी कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग के (Jharkhand IAS assets) पोर्टल पर अपलोड की गई है. जारी विवरण के अनुसार, राज्य के कई वरिष्ठ अफसरों की संपत्ति सिर्फ झारखंड तक सीमित नहीं है, बल्कि बिहार, दिल्ली, उत्तर प्रदेश समेत अन्य राज्यों में भी उनकी जमीन, मकान और फ्लैट हैं.

1993 बैच के मुख्य सचिव अविनाश कुमार ने अपनी पैतृक और अर्जित संपत्तियों का विस्तृत विवरण दिया है. इसके तहत उनके पास सीतामढ़ी के सुरसंड में 1.18 एकड़ और 20 एकड़ कृषि भूमि, मुजफ्फरपुर के गन्नीपुर में हाउसिंग जमीन, पटना के बोरिंग रोड में फ्लैट, पाटलिपुत्र कॉलोनी और दानापुर में प्लॉट, नई दिल्ली के द्वारका में 1780 वर्ग फीट का 4-BHK फ्लैट (सालाना किराया करीब 5.76 लाख रुपये), लखनऊ के गोमती नगर में 6000 वर्ग फीट जमीन है. इसके अलावा रांची के अशोक नगर में 1600 वर्ग फीट और धुर्वा में 7820 वर्ग फीट जमीन भी उनके नाम दर्ज है.

शैलेश कुमार सिंह समेत अन्य की संपत्ति का ब्यौरा

1991 बैच के शैलेश कुमार सिंह ने बताया है कि देवघर में मकान और रांची के सांगा में 6000 वर्ग फीट जमीन है. वहीं 1992 बैच की निधि खरे की गौतम बुद्ध नगर में करीब 1.19 करोड़ की जमीन है. साथ ही रांची के ओल्ड एजी कोऑपरेटिव कॉलोनी में करीब 1 करोड़ का घर और 7820 वर्ग फीट प्लॉट है. 1995 बैच के नितिन मदन कुलकर्णी के पास रांची के हरमू और अशोक नगर में दो मकान है, जिनकी कीमत करोड़ों में आंकी गई है. 1995 बैच के अजय कुमार सिंह के मुताबिक सिविल सर्विसेज ऑफिसर्स, को-ऑपरेटिव हाउसिंग सोसायटी लिमिटेड की ओर से 7883 स्कॉयर फीट का प्लॉट है.

दो अफसरों ने घोषित की ‘शून्य’ संपत्ति

जहां कई अधिकारियों ने करोड़ों की संपत्ति घोषित की है, वहीं दो आईएएस अफसरों ने खुद को बिना अचल संपत्ति वाला बताया है. इनमें 1996 बैच के मस्त राम मीणा और 2005 बैच के ऊर्जा सचिव के. श्रीनिवास शामिल हैं. दोनों (Jharkhand IAS assets) अधिकारियों ने अपने विवरण में बताया है कि उनके नाम से वर्तमान में कोई अचल संपत्ति दर्ज नहीं है.