Petrol Diesel New Rules: पेट्रोल-डीजल को लेकर लागू हुआ नया नियम! गाड़ी मालिकों को लगेगा तगड़ा झटका
अगर आप भी अपनी गाड़ी का टैंक बार-बार फुल कराने की सोच रहे हैं या पेट्रोल पंप पर बोतल और ड्रम में तेल लेने जाने का प्लान बना रहे हैं, तो जरा ठहर जाइए। उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले में ईंधन संकट की आहट के बीच प्रशासन ने पेट्रोल और डीजल की जमाखोरी को रोकने के लिए बेहद सख्त नियम लागू कर दिए हैं। जिले में ईंधन की सुचारू सप्लाई बनाए रखने और कालाबाजारी पर लगाम लगाने के लिए प्रशासन पूरी तरह से एक्शन मोड में आ गया है।
जिला पूर्ति अधिकारी (DSO) स्वीटी ने इस मामले पर कड़ा रुख अपनाते हुए साफ कर दिया है कि अब किसी भी पेट्रोल पंप पर खुले में डीजल या पेट्रोल नहीं दिया जाएगा। यानी अब डिब्बे, बोतल या ड्रम में तेल ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। इसके साथ ही, आम जनता के लिए भी एक बड़ा नियम बनाया गया है कि अगर आपने एक बार अपनी गाड़ी का टैंक फुल करा लिया है, तो उसी दिन दोबारा उस वाहन को तेल नहीं दिया जाएगा।
कोल्ड स्टोर संचालकों को सख्त चेतावनी
फिरोजाबाद जिला मुख्य रूप से आलू बेल्ट के अंतर्गत आता है, जिसके कारण यहां के कोल्ड स्टोरों में ईंधन (खासकर डीजल) की खपत सामान्य से बहुत ज्यादा होती है। इसे देखते हुए जिला पूर्ति अधिकारी ने सख्त रुख अपनाते हुए सभी कोल्ड स्टोर संचालकों को साफ चेतावनी दी है। उन्होंने कहा है कि कोई भी संचालक ईंधन की अनावश्यक जमाखोरी बिल्कुल न करे। अगर किसी भी स्टोर पर जरूरत से ज्यादा तेल जमा पाया गया, तो प्रशासन उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने से पीछे नहीं हटेगा।
जानिए क्यों हो रही है तेल की किल्लत
डीएसओ ने तेल की कमी के पीछे की असली वजह का खुलासा करते हुए बताया कि इस समय तेल कंपनियों से पेट्रोल पंपों को होने वाली सप्लाई में भारी अंतर आ रहा है। हालात ये हैं कि पेट्रोल पंप मालिकों द्वारा कंपनियों को एडवांस पेमेंट करने के बाद भी डिपो से तेल का टैंकर आने में कम से कम 48 घंटे का लंबा वक्त लग रहा है। इसके अलावा, रविवार को मथुरा रिफाइनरी बंद रहने के कारण शनिवार, रविवार और सोमवार को तेल की किल्लत सबसे ज्यादा गहरा रही है। इस बैकलॉग के बढ़ने की वजह से आम दिनों में भी आपूर्ति पर बुरा असर पड़ रहा है।
अफवाहों पर न दें ध्यान, जिले में पर्याप्त है ईंधन
इन तमाम पाबंदियों के बीच जिला पूर्ति अधिकारी स्वीटी ने जनता को आश्वस्त भी किया है। उन्होंने बताया कि तेल डिपो से सप्लाई में कुछ तकनीकी और लॉजिस्टिक दिक्कतों के कारण तेल की खेप थोड़ी देरी से पहुंच रही है, लेकिन जिले में ईंधन की कोई स्थायी कमी नहीं है। व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने और कालाबाजारी को रोकने के लिए ही ये अस्थायी नियम लागू किए गए हैं। उन्होंने जनता से भावुक अपील की है कि वे डरकर जरूरत से ज्यादा तेल खरीदना बंद करें और किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न देकर प्रशासन का पूरा सहयोग करें।
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