खुलेआम ऐसा काम कर रहे थे क्लर्क और महिला CMO, देखकर फटी रह गई ACB अधिकारियों की आंखें
आज के समय में भ्रष्टाचार को लेकर के मामले सामने आते रहते हैं जिसको लेकर भ्रष्टाचार खत्म करने के लिए सरकार के द्वारा कई कदम उठाए जाते हैं लेकिन इसके बावजूद भी भ्रष्टाचार के मामले कम होने के बजाय उल्टा बढ़ते ही जा रहे हैं जिसकी वजह से न जाने अब तक कितने भ्रष्टाचारियों के ऊपर सरकार के द्वारा शिकंजा कर दिया गया लेकिन उसके बावजूद भी अधिकारी अपनी आदतें बदलने को तैयार नहीं है एक ऐसे ही मामला बिलासपुर का सामने आया है हम आपको बता दे कि एक ऐसा मामला बिलासपुर का सामने आया है बिलासपुर में एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए रिश्वतखोर नगर पंचायत सीएमओ और उसके क्लर्क को रंगे हांथ गिरफ्तार किया है। जिसके बाद दोनों को कोर्ट में पेश किया गया। बताया जा रहा है कि मकान का नक्शा पास करने के एवज में घूसखोर अधिकारी-कर्मचारी ने 12 हजार रुपए के रिश्वत की मांग की थी।
दरअसल, मामला नगर पंचायत बोदरी का है। नूतन चौक सरकंडा निवासी वेदराम निर्मलकर ने 12 दिसंबर को बोदरी नगर पंचायत सीएमओ भारती साहू और बाबू सुरेश सिहोरे पर मकान का नक्शा पास करने के एवज में रिश्वत की मांग करने की शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत को सत्यापित करने के बाद ACB ने घूसखोर अधिकारी और कर्मचारी को ट्रैप किया और रिश्वत लेते कार्यालय से ही रंगे हांथ गिरफ्तार कर लिया। CMO भारती साहू और क्लर्क सुरेश सिहोरे 12 हजार रुपए की रिश्वत ले रहे थे। राशि जब्त कर ACB ने दोनों को कोर्ट में पेश किया है। आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है।
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