लापरवाही का मिला हल्द्वानी के इस अस्पताल को दंड,15 लाख का लगाया जुर्माना

ADVERTISEMENTS
ख़बर शेयर करें

जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने 15 लाख रुपये का जुर्माना लगाया

उपचार में लापरवाही के बाद कई अस्पतालों में उपचार आखिर में एम्स में बच्ची के हाथों की उंगलियां ही काटनी पड़ी निरहु

हल्द्वानी skt .कॉम

हल्द्वानी के इस अस्पताल को इलाज में लापरवाही से आज 7 साल बाद 15 लाख का जुर्माना देकर चुकानी पड़ी। ज़ह बच्ची के गलत इलाज के बाद

की अंगुलियां काटनी पड़ी। बच्ची का इलाज करने वाले एसके नर्सिंग होम और उसके मैनेजर पर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने 15 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। साथ ही सारी रकम एकमुश्त अदा करने के आदेश दिए हैं। इंफेक्शन की वजह से बच्ची को गैंगरीन हो गया था।

हल्द्वानी के इलाज में लापरवाही से बच्ची की अंगुलियां काटनी पड़ी। बच्ची का इलाज करने वाले एसके नर्सिंग होम और उसके मैनेजर पर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने 15 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। साथ ही सारी रकम एकमुश्त अदा करने के आदेश दिए हैं। इंफेक्शन की वजह से बच्ची को गैंगरीन हो गया था।

मामले में बच्ची की ओर से पैरवी कर रहे अधिवक्ता सुमित बजाज व शौरभ कुमार पांडे के मुताबिक दमुवाढूंगा खाम जवाहर ज्योति में रहने वाले सुरेंद्र कुमार प्राइवेट नौकरी करते हैं। 18 अक्टूबर 2017 को उनकी एक साल 8 माह की बेटी हर्षिका को बुखार आया। वह बच्ची को तिकोनिया जीबी पंत मार्ग स्थित एसके नर्सिंग होम ले गए। यहां बच्ची का उपचार गलत होने से उसकी हालत बिगड़ गई।

शहर के दो और निजी अस्पताल में दिखाने के बाद गुड़गांव और फिर बच्ची को एम्स में भर्ती कराया गया। जहां चिकित्सकों ने बताया कि इंफेक्शन की वजह से बच्ची को गैंगरीन हो गया है। जिसके चलते हथेली से उसके हाथ काटने पड़े। इस मामले में कोरम के अध्यक्ष रमेश कुमार जायसवाल, सदस्य विजयलक्ष्मी थापा व सदस्य लक्ष्मण सिंह रावत ने एसके नर्सिंग होम की डा.अदिति जैमन गुप्ता एसके नर्सिंग होम एंड हास्पिटल जीबी पंत मार्ग तिकोनिया और मैसर्स एसके नर्सिंग होम एंड हास्पिटल के मैनेजर पर 15 लाख का जुर्माना लगाया।

ये रकम एकमुश्त पीड़िता को देने के आदेश हैं। इसमें से 5 लाख रुपये हर्षिका के खाते में जमा करने और 10 लाख रुपये माता-पिता के संयुक्त खाते में जमा करने को कहा। 10 लाख रुपये से पीड़िता की शिक्षा, पालन व इलाज होगा।

ADVERTISEMENTS Ad