पूजा का सिर काटकर नहर में फैलने वाले मुश्ताक के मकान के मकान पर चला बुलडोजर

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ऊधमसिंह नगर में पूजा विश्वास का सिर तन से जुदा करने वाले मुश्ताक अहमद का घर जिला प्रशासन और पुलिस ने जमींदोज कर दिया। मुश्ताक पहले से शादीशुदा था। बावजूद इसके उसने पूजा को अपने प्यार के जाल में फंसाया और फिर उसका धर्म परिवर्तन करने का भी दबाव बनाया। अपनी सारी कोशिशों में नाकाम होने के बाद उसने पूजा का नृशंस हत्या कर दी और सिर व धड़ को नहर में फेंक दिया।

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सोमवार को ऊधमसिंह नगर जिला प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम ने आरोपी के अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया। भारी पुलिस बल के साथ प्रशासनिक अमला सुबह गौरीखेड़ा गांव पहुंचा, जहां जेसीबी की मदद से मुश्ताक के मकान को ढहा दिया गया। इस दौरान गांव के चारों ओर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए, ताकि कोई अप्रिय स्थिति न बने।

हत्यारोपी के बाप में कब्जाई थी अनुसूचित जनजाति की जमीन
जांच में सामने आया कि हत्यारोपी के पिता अली अहमद ने अनुसूचित जनजाति वर्ग की सरकारी भूमि पर अवैध रूप से मकान बनाया था, जो ग्राम थारू गौरीखेड़ा निवासी मथुरा सिंह के नाम दर्ज है। मथुरा सिंह के पिता की मृत्यु के बाद यह भूमि उनके नाम पर चढ़ाई गई थी। इस मामले में पूर्व में अली अहमद को नोटिस भी जारी किया गया था, लेकिन उसने संतोषजनक जवाब नहीं दिया। इस पर जिला प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए अवैध निर्माण पर बुलडोजर चला दिया।

शिनाख्त न हो सके, इसलिए धड़ से अलग किया सिर
गुरुग्राम पुलिस ने आरोपी को 1 मई (बृहस्पतिवार) को अदालत में पेश कर छह दिन केीॉ रिमांड पर लिया था। पुलिस पूजा का सिर ढूंढने की कोशिश कर रही है। जांच में सामने आया कि आरोपी ने पूजा का सिर धड़ से इसलिए अलग कर दिया, ताकि उसकी शिनाख्त न हो सके। हत्या की वारदात को अंजाम देने से पहले 15 नवंबर को आरोपी पूजा को अपनी बहन के घर लेकर गया था। अगले दिन 16 को उसे वह वहां पर घुमाने के लिए ले गया और वहीं एक नाले के पास उसने पूजा का सिर काटकर हत्या कर दी थी। भाई ने उसके दुपट्टे से पहचान की थी