पंचायत चुनाव : आरक्षण रोस्टर को लेकर HC सख्त, इस दिन को होगी अगली सुनवाई

ADVERTISEMENTS
Ad
ख़बर शेयर करें
NAINITAL HIGHCOURT हाईकोर्ट ने तीन सीनियर जजों को किया जबरन रिटायर

उत्तराखंड में पंचायत चुनावों में आरक्षण रोस्टर को लेकर जारी विवाद पर हाईकोर्ट में गुरुवार को फिर बहस हुई. सरकार की ओर से आरक्षण का रोस्टर कोर्ट में पेश किया गया. जिस पर याचिकाकर्ताओं ने अध्ययन के लिए आज का यानी 26 जून का समय मांगा. जिस पर कोर्ट ने सुनवाई की तिथि कल यानी 27 जून की निर्धारित कर दी.

ADVERTISEMENTS

आरक्षण रोस्टर को लेकर HC सख्त

गुरुवार को अधिवक्ता योगेश पचौलिया ने कोर्ट को अवगत कराया कि राज्य सरकार ने आरक्षण को लेकर गठित समर्पित एकल आयोग की जिस रिपोर्ट के बहाने पंचायत चुनाव को लंबे समय तक टाला उस आयोग की उस रिपोर्ट को सार्वजनिक किया ही नहीं. जबकि उसे पब्लिक डोमेन में आना चाहिए था. हाईकोर्ट ने इन मुद्दों पर शुक्रवार को सुनने का निर्णय लिया है.

सरकार ने रखा अपना पक्ष

सरकार की ओर से कहा गया कि पिछड़ा वर्ग समर्पित आयोग की रिपोर्ट के आधार पर ही पुराने आरक्षण रोस्टर को शून्य घोषित करना पड़ा. नया रूल 9 जून को जारी हुआ और 14 जून को गजट में प्रकाशित भी किया गया. इसके बाद ही नया रोस्टर लागू किया गया. सुबह की कार्यवाही में दलीलें सुनने के बाद खंडपीठ ने मामले को दोपहर 1 बजे के लिए स्थगित कर दिया.

27 जून को होगी अगली सुनवाई

1 बजे सरकार की ओर से आरक्षण रोस्टर का ब्यौरा कोर्ट के समक्ष रखा. जिस पर याचिकाकर्ताओं ने अपना पक्ष रखने के लिये समय मांगा. जिस पर कोर्ट ने कल 27 जून के समय दिया है. हाईकोर्ट ने कहा है कि उनकी मंशा चुनाव टालने की नहीं है लेकिन नियमों का पालन जरूरी है. याचिकाकर्ताओं ने उत्तराखंड पंचायत राज अधिनियम व संविधान के अनुच्छेद 243 टी,डी व अन्य का उल्लेख करते हुए कहा कि आरक्षण में रोस्टर अनिवार्य है. यह संवैधानिक बाध्यता है

ADVERTISEMENTS