हिंदी सिनेमा के दिग्गज अभिनेता मनोज कुमार(Manoj Kumar) अब इस दुनिया में नहीं रहे। 87 साल की उम्र में उन्होंने आखिरी सांस ली। पिछले कुछ हफ्तों से वह बीमार चल रहे थे। मुंबई के कोकिलाबेन अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। लेकिन तमाम कोशिशों के बाद भी डॉक्टर्स उन्हें बचा(Manoj Kumar Death News) नहीं सके। ऐसे में आज राजकीय सम्मान(rajkiya samman) के साथ मनोज कुमार का अंतिम संस्कार किया जा चुका है।
राजकीय सम्मान के साथ हुआ मनोज कुमार का अंतिम संस्कार Manoj Kumar Last Rites
उनका पार्थिव शरीर अस्पताल से उनके घर लाया गया। जहां उनके चाहने वालों ने उन्हें अंतिम विदाई दी। जिसके बाद ‘भारत’ कुमार की पार्थिव देह को विले पार्ले स्थित पवन हंस श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार के लिए अग्नि को सौंपा गया। अंतिम संस्कार से पहले अभिनेता को राजकीय सम्मान दिया गया था। बता दें कि साल 1992 में उन्हें पद्मश्री से सम्मानित किया गया था।
उनके बेटे कुणाल ने मीडिया से बातचीत में ये बात बताई थी कि सुबह 9 बजे वो अस्पताल से निकलेंगे। 10 बजे तक घर पहुंचेंगे। बता दें कि उनकी अंतिम संस्कार की प्रक्रिया 11 बजे के करीब शुरू हो गई थी। एम्बुलेंस को भी फूलों से सजाया गया था। पुलिस की मौजूदगी में सारी तैयारियां पूरी हो गई थी।
मनोज कुमार ने न सिर्फ फिल्मों में बल्कि दर्शकों के दिलों में भी जो छाप छोड़ी है, वो हमेशा कायम रहेगी। मनोज कुमार सिर्फ एक एक्टर ही नहीं थे। बल्कि उन्होंने निर्देशन, पटकथा लेखन, गीत और फिल्म एडिटिंग जैसे कई क्षेत्रों में भी अपना हुनर दिखाया था। उनके जाने से सिनेमा जगत में एक खालीपन सा आ गया है।